रियाज़ और संगीत अभ्यास में मेट्रोनोम की भूमिका
संगीत में सही सुर के साथ सही लय का होना अनिवार्य है। कई बार वाद्य बजाते समय या गायन करते समय कलाकार अनजाने में गति को तेज कर देते हैं या धीमा कर देते हैं। इसे संगीत की भाषा में भागना या खिंचना कहा जाता है। मानव मस्तिष्क का आंतरिक ताल अनुमान हमेशा पूरी तरह सटीक नहीं होता, विशेषकर तब जब कोई जटिल ताल या कठिन स्वर संगति बजानी हो। यहीं पर ऑनलाइन मेट्रोनोम एक तटस्थ और सटीक मार्गदर्शक के रूप में काम आता है।
मेट्रोनोम की प्रत्येक धड़कन कलाकार को समय के समान अंतराल का अहसास कराती है। बीपीएम का अर्थ धड़कन प्रति मिनट होता है। जब आप गति तय करते हैं, तो समय अंतराल गणितीय रूप से निर्धारित होता है:
उदाहरण के लिए, यदि गति 120 BPM पर सेट की गई है, तो प्रत्येक धड़कन ठीक 0.5 सेकंड के अंतराल पर बजेगी। जब आप इस निरंतर टिक के साथ अभ्यास करते हैं, तो आपकी मांसपेशियों की स्मृति लय को स्थिर रखना सीख जाती है। परिणामस्वरुप मंच पर या रिकॉर्डिंग के दौरान आपकी लय कभी डगमगाती नहीं है।